Paging vs Segmentation In Hindi?/ Similarities And Differences between Paging and Segmentation In Hindi?/ paging और Segmentation के बीच अंतर और समानताये बताएं?

paging और Segmentation दोनों ही memory management scheme है और यहाँ पर हम इसका डिस्कशन ऑपरेटिंग सिस्टम के सन्दर्भ में करने वाले है| तो जो लोग भी paging और Segmentation के बारे में जानकारी बहुत simple शब्दों में ढूंढ रहे है उनके लिए यह ब्लॉग पोस्ट(Similarities And Differences between Paging and Segmentation In Hindi) बहुत ही मददगार साबित होने वाला है |

इस ब्लॉग के अंतर्गत हम निम्नलिखित विषयो को डिसकस करेंगे:

Segmentation in OS
Paging in OS
Difference between paging and segmentation
Difference between internal and external fragmentation
Difference between
fragmentation and segmentation
Why paging is faster than segmentation
Difference between paging and demand paging

तो आईये paging और Segmentation के बीच difference और similarities समझने से पहले हम paging और Segmentation की definition को जान लेते है |

paging क्या है?

paging एक memory management scheme है, paging के अंतर्गत हम उन पेजेज को मैं मेमोरी में रखते है जो की बहुत जल्दी जल्दी यूजर के द्वारा use किये जाते है | paging में main मेमोरी के अंदर fixed size block बनते है |

Segmentation क्या है?

Segmentation के अंतर्गत हम एक प्रोसेस को कई सारे module में डिवाइड करते है इनके हम memory blocks अथवा section भी बोल सकते है | Segmentation के अंदर memory allocation non -contigeous होता है |

paging और Segmentation में समानता:

paging और Segmentation दोनों ही memory management स्कीम है जो की operating system के अंदर होती है |

paging के अंतर्गत ऑपरेटिंग सिस्टम निश्चित रूप से एक page table मेन्टेन करता है और उस पेज टेबल में यह डिटेल रहती है कि प्रत्येक पेज कौन सा फ्रेम occupie है | इसी तरह Segmentation में भी operating system एक segment table मेन्टेन करता है और उसमे प्रत्येक process के लिए सेगमेंट के base address और सेगमेंट के length के बारे में जानकारी रहती है |

paging में ऑपरेटिंग सिस्टम निश्चित रूप से एक free frame list मेन्टेन करता है | और इसी तरह Segmentation में ऑपरेटिंग सिस्टम मैं मेमोरी में free holes की एक लिस्ट मेन्टेन करता है |

paging में processor पेज नंबर और offset की मदद से absolute address find करता है | और इसी तरह Segmentation में processor segment number और offset की मदद से absolute address पता करता है |

paging scheme के अंतर्गत एक प्रोसेस के सभी pages को रन होने के लिए main मेमोरी में होना चाहिए जब तक कि overlays को use न किया जाये | इसी तरग Segmentation में भी एक प्रोसेस के सभी segments रन होने के लिए main memory में होने चाहिए जब तक कि overlays का use न किया जाये|

चलिए अब आगे हम paging और Segmentation के बीच difference के बारे में discuss करते है, जो कि निम्नलिखित है |

paging के अंतर्गत हम main मेमोरी को छोटे छोटे फिक्स्ड साइज के chunks में partitioned किया जाता है जिन्हे हम frame बोलते है | जबकि Segmentation के अंतर्गत main मेमोरी partitioned नहीं होती है |

paging स्कीम के अंतर्गत programs को compiler अथवा memory management system द्वारा पेजेज में break किया जाता है | जबकि Segmentation में program segments को प्रोग्रामर ही कम्पाइलर के लिए specified करता है |

paging में frames के साथ internal fragmentation की प्रॉब्लम आ जाती है | जबकि Segmentation के अंदर internal fragmentation जैसी कोई प्रॉब्लम नहीं होती है|

paging में कोई external fragmentation नहीं होता है, जबकि Segmentation के अंदर external fragmentation कि प्रॉब्लम होती है |

Quick Q&A:

What is Paging in OS?/ ऑपरेटिंग सिस्टम में paging क्या है ?

paging process के अन्तर्गत जब कोई Program यूजर के द्वारा बार बार frequently use किया जाता है तब operating system ऐसे प्रोग्राम को बार बार सेकंडरी मेमोरी से access करने की वजह main मेमोरी में रख लेता है और user की रिक्वेस्ट पर उसे तुरंत उपलब्ध करवा देता है | इस प्रोसेस को हम पेजिंग प्रोसेस बोलते है| प्रोग्राम pages को main मेमोरी में रखने पर प्रोसेस टाइम बहुत कम लगता है और user को बहुत जल्दी बिना देरी के रेक्वेस्टेड प्रोग्राम स्क्रीन पर मिल जाता है | paging के अंतर्गत main मेमोरी में फिक्स्ड साइज के छोटे छोटे chunks बनाये जाते है जिन्हे हम frame भी कहते है | पेजिंग के अंदर main मेमोरी को partitioned किया जाता है |

Difference between paging and segmentation?/ paging और Segmentation में क्या अंतर है ?

paging और Segmentation दोनों ही ऑपरेटिंग सिस्टम द्वारा की जाने वाली memory management स्कीम है | paging के अंदर OS fixed size के मेमोरी ब्लॉक बनाता है जबकि Segmentation के अंदर non -contigeous memory blocks होते है |

What is the difference between internal and external fragmentation?/ Internal Fragmentation और External Fragmentation में क्या अंतर है?

देखिये internal fragmentation जब होता है जब किसी process को execute होने के लिए कुछ मेमोरी की जरुरत होती है पर हमारे पास fixed size memory block होता है जो या तो उस process की requirement से बहुत कम होता है या फिर बहुत ज्यादा होता है | यह स्थिति paging के अंदर बनती है क्योकि यहाँ पर fixed size के memory ब्लॉक होते है |

और external fragmentation की situation जब बनती है जब हमारे पास memory तो बहुत होती जो की process की request को fulfil कर सकते पर यह सारी memory non -contineous होती है | इसलिए यह memory हम process को assign नहीं कर पाते है| यह condition Segmentation के case में बनती है क्योकि यहाँ पर non -contineous memory blocks होते है |

Why paging is faster than segmentation?/ पेजिंग, Segmentation से फ़ास्ट क्यों है?

अगर हम यहाँ पर memeory access और memeory allocation के सन्दर्भ में बात करें तो paging sengmentation से काफी तेज़ process है | paging के अंदर fixed size memeory blocks होते है जबकि sengmentation के अंदर non -contineous memeory blocks होते है |

What is the difference between paging and demand paging?/ paging और Demand paging में क्या अंतर है?

जैसा की हमने पढ़ा कि paging के अंतर्गत जो भी Program या pages यूजर द्वारा बार बार use किया जाता है उसे हम main memory में रख लेते है और user कि रिक्वेस्ट पर उसे तुरंत उपलब्ध करवा देते है | पर demand paging में हम सिर्फ वही पेज main memory में रखते है जिसकी अभी जरुरत है बाकी सारे pages को physical और secondory स्टोरेज में रखते है |

What is the difference between fragmentation and segmentation?/ Fragmentation और Segmentation में क्या अंतर है?

Fragmentation और Segmentation दोनों ही memory management से रिलेटेड segment है जो की operating system द्वारा perform किये जाते है | Fragmentation की process में unused memory blocks बचे रह जाते है, Fragmentation दो प्रकार का होता है एक है internal Fragmentation और दूसरा है external Fragmentation | और Segmentation की process में हम एक process को कई सारे module में अथवा memory blocks में डिवाइड कर लेते है जिन्हे हम section भी बोलते है |

Conclusion:

तो इस ब्लॉग पोस्ट (Similarities And Differences between Paging and Segmentation In Hindi) में हमने paging और Segmentation के बीच के अंतर और samaanta को समझा और discuss किया है | paging और Segmentation दोनों ही memory management scheme है | paging में हम मैं memory को fixed size के ब्लॉक में partitioned करते है और Segmentation के अंदर हम process को कई सारे छोटे छोटे module अथवा memory blocks में divide करते है जिन्हे हम section भी बोलते है | paging की process Segmentation से fast होती है |

इस ब्लॉग के अंदर हमने paging और Segmentation से related बहुत अच्छे और महत्वपूर्ण प्रश्नो को डिसकस किया है जैसे कि Segmentation in OS, Paging in OS, Difference between paging and segmentation, Difference between internal and external fragmentation, Difference between fragmentation and segmentation, Why paging is faster than segmentation, Difference between paging and demand paging.

इस ब्लॉग को लेकर आपके मन में कोई भी प्रश्न है तो आप हमें इस पते a5theorys@gmail.comपर ईमेल लिख सकते है|

आशा करता हूँ, कि आपने इस पोस्ट ‘Paging vs Segmentation In Hindi?/ Similarities And Differences between Paging and Segmentation In Hindi?.’ को खूब एन्जॉय किया होगा|

आप स्वतंत्रता पूर्वक अपना बहुमूल्य फीडबैक और कमेंट यहाँ पर दे सकते है|

आपका समय शुभ हो|

Anurag

I am a blogger by passion, a software engineer by profession, a singer by consideration and rest of things that I do is for my destination.