Data Abstraction In Hindi.

हेलो फ्रेंड्स, आज के इस ब्लॉग पोस्ट(Data Abstraction In Hindi) में मैं आपको Data abstraction के बारे में जानकारी दूंगा | Data abstraction process के अंतर्गत हम जरुरी डाटा को दिखाते है और जो जरुरी नहीं है उसे हम छुपा कर रखते है |

Data abstraction(Data Abstraction In Hindi) oops concepts में से एक इम्पोर्टेन्ट कॉन्सेप्ट्स है और इसका उपयोग हम प्रोग्रामिंग में करते है |

जहा पर हम Data abstraction(Data Abstraction In Hindi) की मदद से एक class के अंदर कुछ variable और method को restrict कर देते है और कुछ को public कर देते है | और यही काम हम जावा के अंदर अब्स्त्रक्त कीवर्ड का उपयोग करके करते है |

क्या अभी भी आपको Data abstraction(Data Abstraction In Hindi) समझ नहीं आया है ?

अगर नहीं तो कोई बात नहीं, चलिए इसको एक रियल लाइफ example से समझाते है | यहाँ पर हम एक car का example लेते है जो कि बहुत ही common example है और सभी को समझने में भी आसानी होगी| Data Abstraction In Hindi|

क्या हो अगर आप कार लेने जाये और देखे कि इस कार के नए मॉडल में कार की बोनट का ढक्कन खुला है और इंजन को transparent कवर से ढक दिया है | और कार के silencer को ऊपर की तरफ लगा दिया गया है | कार की बैटरी को आपके ड्राइविंग सीट के बगल में लगा दिया गया है |

और ऐसा इसलिए किया गया है कि चीज़े transparent रहे और आप उन्हें आसानी से देखते रहे | तो क्या आप ऐसी कार लेना पसंद करेंगे ?

मेरे हिसाब से तो बिलकुल भी नहीं 99 .9 % लोग इसे नहीं लेना चाहेंगे | पूरा 100 % इसलिए नहीं बोला कि कुछ लोग हर जगह मिल जाते है….. जीनियस!

और यहाँ पर हमारा तर्क भी यही होगा कि हमें कार के इंजन बैटरी और silencer को बाहर रख के क्या करना है वैसे भी हम इसे रिपेयर तो कर नहीं पाएंगे और फिर इसे देख कर हम क्या करेंगे | और फिर इससे कार का लुक भी तो जा रहा है |

हमारे लिए तो इम्पोर्टेन्ट है car का exterior और interior design and कार के अंदर दी हुई facilities जिनका उपयोग हम कर सके जैसे कि AC, charger , music , एंड etc .

और यह बात सही भी है | इसलिए कार को ऐसे डिज़ाइन किया भी जाता है | जरुरी और महत्वपूर्ण चीज़ो को बाहर लगाया जाता है दिखाया जाता है जो कि यूजर के काम में आने वाली है और कार की इनसाइड फंक्शनिंग eqipments जैसे कि इंजन बैटरी और silencer को छुपा कर बोनट और कार के निचले हिस्सों में रखा जाता है | जिससे कि कार का लुक ख़राब न हो |

बस दोस्तों यही है Data abstraction का कांसेप्ट, अब इसके आगे आपको कुछ भी समझने की जरुरत नहीं है |

पर अभी आप कहेंगे यह तो रियल लाइफ एक्साम्प्ले हुआ पर प्रोग्राम के अंदर यह कैसे होता है और हम इस Data abstraction को कैसे अचीव कर सकते है ?

बिलकुल सही क्वेश्चन, तो दोस्तों प्रोग्राम के अंदर हम Data abstraction को अचीव करने के लिए हम निम्नलिखित प्रोसेस करते है |

C++ के अंदर हम यह Data abstraction अचीव करने के लिए हम सभी डाटा मेंबर को एक क्लास के अंदर रख कर फिर access specifier की मदद से हम Data abstraction अचीव कर सकते है |

हम जिन डाटा मेंबर को दिखाना चाहते है उन्हें पब्लिक declare कर देते है और जिन डाटा मेंबर को हम क्लास के बाहर नहीं दिखाना चाहते है उन्हें हम private डिक्लेअर कर देते है |

जावा के अंदर Data abstraction अचीव करने के लिए हम abstract keyword का उपयोग क्लास(class) और interface के साथ करते है |

Interface by default ही abstract होता है इसलिए यहाँ पर abstract keyword use करने कि कोई जरुरत नहीं पड़ती है | यह इसलिए होता है क्योकि हम Interface का ऑब्जेक्ट क्रिएट नहीं कर सकते है….

…. और इसके अंदर method को भी इम्प्लीमेंट करना पड़ता है क्योकि यहाँ पर सिर्फ उसकी declaration होती है पर definition नहीं होती है |

abstract class में कोई भी functionality create कर सकते है और फिर उसे subclass में ओवरराइड या implement भी कर सकते है |

पर interface के अंदर आप सिर्फ functionality को डिफाइन कर सकते है पर उसे इम्प्लीमेंट नहीं कर सकते है |

एक class केवल एक abstract class को extend कर सकती है जबकि एक क्लास multiple interface को इम्प्लीमेंट्स कर सकती है |

interface के अंदर सिर्फ method declaration होता है जिसे हम मेथड प्रोटोटाइप भी बोल सकते है पर यहाँ पर उस मेथड का कोई भी definition नहीं होता है |

तो यहाँ पर जो भी यूजर इसे access करना चाहते है वो यह भर जानते है की कौन सी class इसे access कर सकती है पर वह इनकी implementation नहीं देख सकते है, क्योकि implementation इनफार्मेशन यूजर से पूरी तरह hidden रहती है | और इस तरह interface का उपयोग करके हम 100 % Data abstraction अचीव कर सकते है |

abstract class , interface के जैसे ही होती है दोनों को ही inantiaite नहीं किया जा सकता है मतलब कि इनका ऑब्जेक्ट क्रिएट नहीं कर सकते है | पर abstract class में हम सभी तरह के method रख सकते है declared और non -declared |

और हम abstract क्लास के अंदर Static और final मेंबर डिक्लेअर नहीं कर सकते है | और यहाँ पर हम access modifier का भी उपयोग कर सकते है |Data Abstraction In Hindi|

Conclusion :

तो दोस्तों इस ब्लॉग पोस्ट(Data Abstraction In Hindi) में हमने Data abstraction के बारे में पढ़ा और जाना | Data abstraction प्रक्रिया के अंतर्गत हम जरुरी डाटा को शो करते है और जो जरुरी नहीं होता है उसे छुपा कर रखते है | जैसे की इस ब्लॉग में हमने एक कार का example देकर आपको समझाया है | जावा के अंदर हम abstract keyword का use करके Data abstraction को achieve कर सकते है |

इस ब्लॉग(Data Abstraction In Hindi) को लेकर आपके मन में कोई भी प्रश्न है तो आप हमें इस पते [email protected]पर ईमेल लिख सकते है|

आशा करता हूँ, कि आपने इस पोस्ट(Data Abstraction In Hindi) को खूब एन्जॉय किया होगा|

आप स्वतंत्रता पूर्वक अपना बहुमूल्य फीडबैक और कमेंट यहाँ पर दे सकते है|

आपका समय शुभ हो|

Anurag

I am a blogger by passion, a software engineer by profession, a singer by consideration and rest of things that I do is for my destination.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *