XML Syntax In Hindi.

हेलो दोस्तों आज के इस ब्लॉग(XML Syntax In Hindi) पोस्ट में हम आपको xml syntax के बारे में हिंदी में जानकारी देने वाले है |

इस पोस्ट में हम कुछ सिंपल सिंटेक्स रूल्स के बारे में डिसकस करेंगे जो कि क्मल डॉक्यूमेंट को क्रिएट करने में जरुरी भूमिका निभाते है | नीचे आप एक complete xml document का example देख सकते है |XML Syntax In Hindi|

<?xml version = "1.0"?>
<contact-info>
   <name>Tanmay Patil</name>
   <company>A5theory Tutorial</company>
   <phone>(060) 123-2536</phone>
</contact-info>

यहाँ पर ऊपर दिए example में आप नोटिस कर सकते है कि यहाँ पर दो प्रकार की information दी गयी है |XML Syntax In Hindi|

Markup, like

The text, or the character data, A5theory Tutorial and (060) 123-2536.

नीचे दिए गए diagram में आप कुछ सिंटेक्स रूल्स देख सकते है जिनकी मदद से हम अलग अलग markup और Text को एक xml document में लिख सकते है |

xml syntax
xml syntax: XML Syntax In Hindi

चलिए ऊपर दिए गए diagram में दिए प्रत्येक component को डिटेल में देखते है |

XML Declaration :

एक xml document में एक xml declaration का होना एक optional बात है | इसे कुछ कुछ इस तरह से लिखा जा सकता है –

<?xml version = "1.0" encoding = "UTF-8"?>

जहाँ पर version xml के वर्शन को denote करता है और encoding यह बताती है कि document में कौन सी character encoding use की गयी है |

Syntax Rules for XML declaration :

xml declaration जो होता है वो केस सेंसिटिव होता है | और यह बहुत ही जरुरी है की यह “<?xml>” से ही स्टार्ट हो और यहाँ पर “xml” जो है वो lower case में लिखा होता है |

अगर डॉक्यूमेंट में xml declaration है तो फिर यह declaration को जरूर ही document की फर्स्ट लाइन होना चाहिए |

एक HTTP protocol जो है वो encoding की वैल्यू को override कर सकता है जो कि xml डिक्लेरेशन में use की गयी है |

Tags and Elements :

एक xml फाइल जो है वो कई सारे XML एलिमेंट्स के द्वारा बनायीं जाती है | इन्हे हम xml -nodes अथवा XML -tags भी कह सकते है | xml एलिमेंट को हम triangular ब्रैकेट्स<> के बीच में लिखते है | जैसे कि निचे दिखाया गया है |

<element>

Syntax Rules for Tags and elements

Element Syntax − एक xml element को या तो स्टार्ट एलिमेंट अथवा एन्ड एलिमेंट्स की मदद से क्लोज किया जाता है जैसे कि नीचे बताया गया है |

<element>....</element>

और सिंपल केस में हम कुछ इस तरह भी दिखा सकते है :

<element/>

Nesting of Elements −एक xml element जो है वो कई सरे children xml elements रख सकता है | पर children element को overlap नहीं करना चाहिए |

जैसे कि निचे दिया गया एक्साम्प्ले एक incorrect एक्साम्प्ले है nested tag का –

<?xml version = "1.0"?>
<contact-info>
<company>TutorialsPoint
</contact-info>
</company>

और अब नीचे दिए गए example में आप correct nested tag देख सकते है –

<?xml version = "1.0"?>
<contact-info>
   <company>TutorialsPoint</company>
<contact-info>

Root Element :

एक xml document जो है वो एक ही रुट element रख सकता है | जैसे कि नीचे दिए गए example में आप एक incorrect xml document देख सकते है क्योकि यहाँ पर दोनों ही x और y दोनों ही टॉप लेवल एलिमेंट है बिना किसी रुट element के |

<x>...</x>
<y>...</y>

और नीचे आप एक correct root element का example देख सकते है –

<root>
   <x>...</x>
   <y>...</y>
</root>

Case Sensitivity − जो भी xml elements होते है उनके नाम केस सेंसिटिव होते है | इसका मतलब यह है starting और end elements जो है वो दोनों एक ही case में होने चाहिए |

For example, <contact-info> is different from <Contact-Info>

XML Attributes :

एक attribute जो है वो किसी भी एलिमेंट के लिए सिंगल प्रॉपर्टी स्पेसिफी करता है name /value पेअर का use करके | एक xml element जो है वो एक या एक से अधिक attributes रख सकता है | example के लिए –

<a href = "http://www.a5theory.com/">A5theoryTutorial!</a>

यहाँ पर HREF जो है वो एक attribute नाम है और http://www.tutorialspoint.com/ जो है वो एक attribute वैल्यू है |

Syntax Rules for XML attributes

xml में एट्रिब्यूट names जो है वो केस सेंसिटिव होते है जैसा कि हटम्ल में नहीं होता है | जैसे कि HREF और href दो अलग अलग xml attributes consider किये जायेंगे |

किसी भी syntax में same attribute दो वैल्यू contain नहीं कर सकता है | जैसे कि आप नीचे दिए गए incorrect example को देख सकते है जहाँ पर attribute b दो बार specify हुआ है |

<a b = "x" c = "y" b = "z">....</a>

syntax attributes के नाम जो है वो बिना quotation मार्क्स के define किये जाते है | जबकि attribute की वैल्यू हमेशा ही quotation मार्क्स के अंदर डिफाइन होनी चाहिए |जैसे कि नीचे आप incorrect example देख सकते है :

<a b = x>....</a>

ऊपर दिए गए example में attribute की वैल्यू जो है वो quotation मार्क्स के अंदर define नहीं की गयी है |

XML References :

reference जो है वो आपको एक xml document में additional Text अथवा markup ऐड अथवा include करने के लिए allow करते है | रिफरेन्स हमेशा ‘&’ सिंबल से शुरू होते है | जो कि एक reserved character है और ‘;’ symbol से end होते है | xml जो है वो दो तरह के reference रखते है |

जो entity reference होता है वो start और end देलीमेंटर के बीच नाम को रखता है | जैसे example के लिए &amp ; यहाँ पर amp जो है वो नाम है | जो नाम होता है वो Text अथवा markup के लिए predefine Text अथवा markup होता है |

Character References − यह इस तरह के reference contain करते है जैसे $#65 ;, hash मार्क के बाद एक नंबर होता है | यह नंबर हमेशा किसी करैक्टर के यूनिकोड को denote करता है | जैसे यहाँ पर 65 जो है वो एक alphabets को represent करता है |

XML Text :

xml elements और xml attributes के जो नाम होते है वो case sensitive होते है | इसका मतलब यह होता है कि स्टार्टिंग और एन्ड एलिमेंट्स दोनों को same case में होना चाहिए | character encoding की प्रॉब्लम को avoid करने के लिए सभी xml files को UTF -8 अथवा UTF -16 unicode system में save किया जाता है |

xml -एलिमेंट्स के बीच और xml ऐट्रिब्यूट्स के बीच जितने भी ब्लैंक्स(वाइट स्पेस characters), टैब्स , लाइन breaks होंगे वो सभी ignore कर दिए जाते है |

xml syntax के द्वारा कुछ characters जो है वे रिज़र्व में रखे जाते है | इसलिए उन्हें डायरेक्टली use नहीं किया जा सकता है | उन्हें use करने के लिए कुछ replacement entities का उपयोग किया जाता है | जो कि निचे दी गयी है |

xml text
xml text: XML Syntax In Hindi

Conclusion:

तो इस ब्लॉग पोस्ट(XML Syntax In Hindi) में हमने XML syntax के बारे में जाना | XML डॉक्यूमेंट में सबसे पहला जो स्टेटमेंट होता है वो होता है XML वर्शन का स्टेटमेंट, पर यह compulsory नहीं है कि यह statement हर XML पेज में हो | XML में HTML की तरह predefined tags अथवा element नहीं होते है, बल्कि यहाँ पर user define टैग्स और elements होते है | और इन tags का उपयोग करके XML डोक्युमेंट्स में डाटा को स्टोर किया जाता है |

इस ब्लॉग(XML Syntax In Hindi) को लेकर आपके मन में कोई भी प्रश्न है तो आप हमें इस पते [email protected]पर ईमेल लिख सकते है|

आशा करता हूँ, कि आपने इस पोस्ट(XML Syntax In Hindi) को खूब एन्जॉय किया होगा|

आप स्वतंत्रता पूर्वक अपना बहुमूल्य फीडबैक और कमेंट यहाँ पर दे सकते है|

आपका समय शुभ हो|

Anurag

I am a blogger by passion, a software engineer by profession, a singer by consideration and rest of things that I do is for my destination.

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