Internet History In Hindi?

हेलो दोस्तों आज के इस ब्लॉग पोस्ट(Internet History In Hindi) में मैं आपको Internet के बारे में हिंदी में जानकारी देने वाला हूँ | दोस्तों आज के समय में हर कोई Internet का उपयोग कर रहा है फिर चाहे वो बच्चे हो या फिर बड़े |

आज के समय में Internet हमारी जिंदगी का एक अहम् हिस्सा हो गया है और अब हम यह कह सकते है की हम अब पूरी तरह Internet के युग में जी रहे है |Internet History In Hindi|

पर दोस्तों क्या कभी आपने सोचा है कि यह इंटरनेट का अविष्कार कब और कैसे हुआ था ? |Internet History In Hindi|

हो सकता है की आप में से कुछ लोगो को इस बात की जानकारी होगी, पर बहुत से लोग अभी भी नहीं जानते है कि इंटरनेट कब और कैसे हमारी लाइफ में आया और इस तरह आज २1वी शताब्दी में क्रांति ही ला दी है |Internet History In Hindi|

तो दोस्तों आज का ब्लॉग इसी बात के ऊपर फोकस रहने वाला है की Internet की हिस्ट्री आखिर है क्या? इंटरनेट को कब बनाया गया और कैसे बनाया गया ?

दरअसल इंटरनेट की शुरुआत बहुत पहले 1960 में ही हो गयी थी और तब इसका उपयोग खाली गोवेर्मेंट के जो researchers होते थे वो आपस में information शेयर करने के लिए उपयोग करते थे |

और 1960 के system size में काफी बड़े होते थे और उन्हें एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाना इतना आसान नहीं था | और ऐसे समय पर जब भी कंप्यूटर में कोई इनफार्मेशन स्टोर करनी होती थी तो….

…. या तो किसी को travel करके इन सिस्टम की लोकेशन तक जाना होता था या फिर कंप्यूटर की मैगनेट टेप्स को postal सिस्टम के द्वारा एक जगह से दूसरी जगह पर भेजा जाता था |

और Internet के formation के लिए cold war ने भी एक catalyst की भूमिका निभाई जिससे कि लोग यद्ध के समय information का आसानी से आदान प्रदान कर सके|

और इसी क्रम में सोवियत यूनियन के satellite launch के बाद U .S के रक्षा विभाग को इन तरीको पर विचार करने के लिए प्रेरित किया जिससे कि नुक्लेअर अटैक जैसे समय पर भी सूचना का आदान प्रदान आसानी से किया जा सके|

और इसी क्रम में उन्होंने एक नेटवर्क को बनाया जिसे तब ARPANET नाम दिया गया था जिसका फुल फॉर्म होता है (Advanced Research Projects Agency Network) और फिर यही नेटवर्क धीरे धीरे एडवांस होता गया और इसे आज हम Internet के नाम से जानते है |

ARPANET जो है वो उस समय का एक successful प्रोजेक्ट था पर इसमें दिक्कत यह थी कि इसकी रेंज बहुत ही लिमिटेड थी जैसे कि एक academic अथवा रिसर्च आर्गेनाइजेशन के अंदर और उस टाइम इसे केवल डिफेन्स डिपार्टमेंट के लोग use करते थे आम लोगो तक इसकी पहुँच नहीं थी |

और इसी नेटवर्क को बेस बनाकर फिर और सारे नेटवर्क को बनाया गया जिसकी मदद से हम information को शेयर कर सके|

अगर वैसे देखा जाये तो 1 january 1983 को इंटरनेट का official जन्म दिवस भी कहा जाता है | क्योकि इससे पहले जितने भी कंप्यूटर नेटवर्क invent हुए थे वो कही न कही आपस में communicate करने के लिए कोई standard तरीका नहीं निकल पाए थे |

पर अब एक नए प्रोटोकॉल के invention के साथ इस समस्या को सुलझा लिया गया था और इस प्रोटोकॉल का नाम था transfer control protocol /Internet protocol |

और इस प्रोटोकॉल की मदद से अब अलग अलग कंप्यूटर नेटवर्क में मौजूद सिस्टम एक दूसरे से आसानी के साथ communicate कर सकते थे | जो ARPANET और Defence data नेटवर्क सिस्टम था वो 1983 में अब officially TCP /IP network स्टैण्डर्ड में चेंज हो चुका था |

और अब सभी नेटवर्क एक Universal language के तहत आपस में communicate कर सकते थे |

old system
old system: Internet history in hindi

जो इमेज आप ऊपर देख रहे है वो image UNIVAC के एक scale model की है और यह नाम Universal automatic computer के लिए दिया गया था | और यह कंप्यूटर सिस्टम सबसे पहले 1951 में Census Bureau में डिलीवर हुआ था |

और इस सिस्टम का बजन 16000 पाउंड्स था और यह 5000 vacume tubes का उपयोग करता था | और 1 सेकंड में यह 1000 calculation परफॉर्म कर सकता था | यह अमेरिका का पहला commercial computer था | और यह पहला कंप्यूटर था जिसे बिज़नेस use के लिए डिज़ाइन किया गया था |

business computer जैसे कि UNIVAC डाटा को काफी स्लो प्रोसेस किया करते थे IAS types machine के comparison में | पर इनका input और output ऑपरेशन काफी फ़ास्ट था जिसके लिए इन्हे डिज़ाइन किया गया था |

पहली कुछ बिक्री सरकारी एजेंसियों, ए.सी. नीलसन कंपनी और प्रूडेंशियल इंश्योरेंस कंपनी को हुई थी। व्यापार अनुप्रयोगों के लिए पहला UNIVAC 1954 में पेरोल करने के लिए जनरल इलेक्ट्रिक एप्लायंस डिवीजन में स्थापित किया गया था। 1957 तक रेमिंगटन-रैंड (जिसने 1950 में एकर्ट-मौचली कंप्यूटर कॉर्पोरेशन को खरीदा था) ने छियालीस मशीनें बेची थीं।

Quick Q&A:

Who started Internet?/ internet की शुरुआत किसने की?

Computer scientists Vinton Cerf and Bob Kahn को internet के लिए क्रेडिट दिया जाता है | इन्होने ने ही इंटरनेट प्रोटोकॉल को develop किया जिसे हम इंटरनेट के नाम से जानते है |

Who invented the Internet the first time?/ internet को सबसे पहले किसने invent किया था?

Tim Berners-ली ने सबसे पहले www (world wide web) को invent किया जिसकी मदद से लोग एक जगह से दूसरी जगह डाटा का आदान प्रदान आसानी से कर सकते थे |

What was the original name of the Internet?/ internet का original नाम क्या था?

जब शुरू में इंटरनेट को invent किया गया तब इसे हम ARPANET के नाम से जानते थे |

What was the first-ever computer?/ पहला कंप्यूटर कौन सा था?

Sir charles babages ने सबसे पहले 1822 में कंप्यूटर की खोज की और उन्होंने इस कम्यूटर को The Babbage Difference इंजन नाम दिया था |

When did the Internet start for the public?/ public ने इंटरनेट को कब सबसे पहले use करना स्टार्ट किया ?

april 30 1993 को ववव ने इंटरनेट को पब्लिक कर दिया था | और www को पब्लिक डोमेन में स्थापित किया गया | तब से आम लोगो ने भी इंटरनेट को use करना चालू कर दिया था |

What is the fastest type of internet?/ internet के फ़ास्ट types कौन कौन से है?

अभी तो fiber internet जो है वो सबसे तेज इंटरनेट स्पीड प्रोवाइड करता है | कई एरियाज में इसकी स्पीड 10000 MBPS तक है |

इसके बाद के जो type है वो है cable और DSL इंटरनेट | पर ये fiber जितनी स्पीड नहीं दे पातें है |

Conclusion:

तो दोस्तों आज कि ब्लॉग पोस्ट(Internet History In Hindi) में हमने Internet की history कि बारे में जाना और पढ़ा| हमने देखा कि कैसे इंटरनेट पहले ARPANET form में invent किया गया था और यह नेटवर्क पहले केवल Defence system तक ही सिमित था | और बाद में इसे धीरे धीरे आम लोगो तक पहुंचा दिया गया| हमने यह भी जाना कि पहले कि system साइज में काफी बड़े हुए किया करते थे और उनमे मेमोरी स्टोरेज बहुत कम हुआ करता था | शुरुआत में सिस्टम को केवल calculation कि लिए डिज़ाइन किया जाता था |

इस ब्लॉग(Internet History In Hindi) को लेकर आपके मन में कोई भी प्रश्न है तो आप हमें इस पते [email protected]पर ईमेल लिख सकते है|

आशा करता हूँ, कि आपने इस पोस्ट(Internet History In Hindi) को खूब एन्जॉय किया होगा|

आप स्वतंत्रता पूर्वक अपना बहुमूल्य फीडबैक और कमेंट यहाँ पर दे सकते है|Internet History In Hindi|

आपका समय शुभ हो|

Anurag

I am a blogger by passion, a software engineer by profession, a singer by consideration and rest of things that I do is for my destination.

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